जौनपुर : शाहगंज थाना क्षेत्र के उसरहटा गांव में 10 दिन पहले एक दुखद घटना घटी, जिसने आज एक 10 वर्षीय मासूम अयान की जान ले ली। घर आए एक मेहमान की पिस्तौल से अचानक गोली चल गई और अयान को जा लगी। इस गंभीर घटना के बाद, परिजनों ने पुलिस को सूचना दिए बिना, बालक को खेतासराय के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। वहां मामले की गंभीरता को देखते हुए, बच्चे को बनारस के एक बड़े अस्पताल में रेफर कर दिया गया, जहां इलाज के दौरान आज उसकी मृत्यु हो गई। अयान की मौत के बाद पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है, और इस पूरे प्रकरण को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं।

स्थानीय लोगों में उक्त निजी अस्पताल के क्रियाकलापों को लेकर भी खासा गुस्सा है। सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि इतनी बड़ी घटना होने के बावजूद पुलिस को इसकी सूचना क्यों नहीं दी गई? बच्चे के परिजनों ने आखिर किस डर या कारण से पुलिस को अंधेरे में रखा? इस लापरवाही ने अब एक मासूम की जान ले ली है, और अब कानूनी कार्रवाई भी शुरू हो गई है। यह घटना न केवल दुखद है, बल्कि यह भी सोचने पर मजबूर करती है कि ऐसे मामलों में जानकारी छिपाना कितना खतरनाक साबित हो सकता है।
Author: fastblitz24



