● पहली बार रात 3 बजे बाबा वैद्यनाथ की शृंगार पूजा हुई।
● घटना की वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गयी।

देवघर। श्रावणी मेला में बाबा मंदिर के वीआईपी पूजा पर प्रतिबंध लगा हुआ है। श्राइन बोर्ड ने सावन माह में बाबा मंदिर के गर्भगृह के अंदर पूजा करने पर भी रोक लगाई है। लेकिन, इसके बावजूद सारे नियम को ताक पर रखकर झारखंड सरकार के एक आईएएस अधिकारी ने सोमवार को नाग पंचमी के दिन सपरिवार बाबा की स्पर्श पूजा की। जिसके बाद एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है।
मंदिर की व्यवस्था पर खड़े हो रहे है कई सवाल
वीडियो वायरल होने के बाद अब बाबा मंदिर की व्यवस्था पर सवाल खड़ा हो रहा है। हैरानी की बात यह है कि विगत सोमवार को देवघर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ थी। इसके बावजूद आईएएस अधिकारी गर्भगृह में जाकर पूजा कर रहे हैं। श्रावण माह में पैदल चलकर आने वाले श्रद्धालुओं को लाइन में घंटों रोक कर वीआईपी पूजा किस नियम के तहत करवाया जा रहा है, इसका जवाब अभी किसी के पास नहीं है।
राजकीय श्रावणी मेला 2023 के द्वितीय पक्ष की पहली व मेले की तीसरी सोमवारी पर बाबानगरी में उमड़ी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ प्रशासन के लिए परेशानी का सबब बन गयी। कांवरियों व श्रद्धालुओं का बैकलॉग कम करने के उद्देश्य से प्रशासन की ओर से नियम के विपरीत पहली बार रात 3 बजे बाबा वैद्यनाथ की शृंगार पूजा करायी गयी।
वहीं शृंगार पूजा के आधे घंटे के बाद रात साढ़े तीन बजे बाबा वैद्यनाथ मंदिर के गर्भगृह का पट बंद कराया गया। उसके महज डेढ़ घंटे के बाद मंगलवार के जलार्पण के लिए बाबा वैद्यनाथ मंदिर के गर्भगृह का पट प्रशासन की ओर से पुन खोलवा दिया गया। सोमवार को बाबा मंदिर में हुई इस पूरी घटना से जुड़ी वीडियो रात से ही सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। वहीं इस मामले को लेकर स्थानीय तीर्थ पुरोहितों में भारी नाराजगी देखी जा रही है। पण्डा धर्मरक्षिणी सभा सहित अखिल भारतीय तीर्थ पुरोहित महासभा के पदाधिकारी व सदस्यों के अलावा आम पुरोहितों में प्रशासन के इस कृत्य को लेकर भारी आक्रोश देखा जा रहा है।

Author: fastblitz24



