Fastblitz 24

पूर्वांचल विवि: 50 फीसदी परीक्षा बीतने के बाद भी नहीं बना उड़ाका दल, शिक्षकों में आक्रोश

​बड़ा सवाल: बिना सचल दस्ते के कैसे बनी रहेगी परीक्षा की शुचिता? राजभवन से शिकायत की चेतावनी

  • . जौनपुर । वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में स्नातक (UG) और स्नातकोत्तर (PG) की परीक्षाएं इन दिनों बिना किसी ‘निगरानी’ के राम भरोसे चल रही हैं। विश्वविद्यालय प्रशासन की बड़ी लापरवाही का आलम यह है कि आधी परीक्षाएं बीत जाने के बावजूद अब तक उड़ाका दल (सचल दस्ते) का गठन नहीं किया जा सका है। इसे लेकर शुक्रवार को विश्वविद्यालय शिक्षक संघ के नेताओं का गुस्सा फूट पड़ा। शिक्षकों ने परीक्षा नियंत्रक का घेराव कर ज्ञापन सौंपा और स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि जल्द सुधार नहीं हुआ तो मामले की शिकायत राज्यपाल (कुलाधिपति) और मुख्यमंत्री से की जाएगी।
  • ​मनमानी पर उतारू कॉलेज, शुचिता ताक पर शिक्षक संघ के नेताओं ने आरोप लगाया कि उड़ाका दल के अभाव में परीक्षा केंद्रों पर पारदर्शिता और शुचिता पूरी तरह से खत्म हो गई है। सचल दस्ते की अनुपस्थिति का फायदा उठाकर कई महाविद्यालय मनमानी पर उतारू हैं। शिक्षकों का कहना है कि नियमानुसार परीक्षा शुरू होने से पूर्व ही समितियों का गठन हो जाना चाहिए था, लेकिन विवि प्रशासन की शिथिलता के कारण 50 प्रतिशत परीक्षाएं संपन्न हो चुकी हैं। ऐसे में परीक्षा की साख पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
    ​परीक्षा नियंत्रक ने दिया आश्वासन हंगामे और विरोध को देखते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन सकते में नजर आया। शिक्षक नेता डॉ. यदुवंश कुमार और डॉ. जेपी सिंह ने परीक्षा नियंत्रक डॉ. विनोद कुमार सिंह से मुलाकात कर अपनी कड़ी आपत्ति दर्ज कराई। शिक्षकों के तीखे तेवरों को देखते हुए परीक्षा नियंत्रक ने आश्वासन दिया कि उड़ाका दल की समितियों के गठन की प्रक्रिया जल्द पूरी कर ली जाएगी और टीमें जल्द ही केंद्रों पर सक्रिय होंगी।
    ​इनकी रही मौजूदगी विरोध प्रदर्शन और ज्ञापन सौंपने के दौरान मुख्य रूप से डॉ. जितेश सिंह, डॉ. प्रशांत त्रिवेदी और डॉ. अवनीश यादव सहित कई वरिष्ठ शिक्षक उपस्थित रहे। शिक्षक नेताओं ने दो टूक कहा कि यदि अगले कुछ दिनों में समितियां धरातल पर नहीं दिखीं, तो वे राजभवन कूच करने को मजबूर होंगे।
  • ​:

    प्रमुख आपत्तियां *

बिना उड़ाका दल के परीक्षाएं कराना नियमों का उल्लंघन।
​नकल माफियाओं और मनमानी करने वाले कॉलेजों को मिल रहा बढ़ावा।
​विश्वविद्यालय प्रशासन की कार्यप्रणाली पर उठ रहे सवाल।

fastblitz24
Author: fastblitz24

Spread the love

यह भी पढ़ें

टॉप स्टोरीज