जौनपुर । जनपद की साइबर क्राइम सेल एवं साइबर थाना पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए पेट्रोल पंपों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर सस्ते दामों में सोलर प्लांट लगाने का झांसा देकर लाखों रुपये की साइबर फ्रॉड करने वाले एक शातिर अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। पकड़ा गया आरोपी देश के विभिन्न राज्यों और जिलों में 50 लाख रुपये से अधिक की ठगी कर चुका है। पुलिस ने उसके पास से 4 सिम कार्ड और 2 एंड्रॉइड मोबाइल फोन बरामद किए हैं।
ऐसे देता था ठगी को अंजाम (मोडस ऑपरेंडी)
पुलिस पूछताछ में गिरफ्तार आरोपी सचिन शर्मा (निवासी आमी सराय सैफ खां, थाना पट्टी, जनपद प्रतापगढ़) ने बताया कि वह इंटरनेट व अन्य माध्यमों से पेट्रोल पंप मालिकों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की जानकारी जुटाता था। इसके बाद वह उन्हें कॉल कर सस्ते दामों पर सोलर पैनल लगाने का लालच देता था।
झांसे में लेने के लिए वह व्हाट्सएप पर ‘लूमिनस’ (Luminous) कंपनी का फर्जी एस्टीमेट भेजता था और कुल खर्च का आधा पैसा अग्रिम (एडवांस) के रूप में विभिन्न किस्तों में अपने परिचितों के बैंक खातों में मंगवा लेता था। पैसा आते ही वह उसे निकाल लेता था। अब तक वह देश भर में लगभग 50 लाख रुपये से अधिक की ठगी कर चुका है।
10 से अधिक मुकदमे और दर्जनों शिकायतें
पुलिस के अनुसार, पकड़ा गया आरोपी एक आदतन अपराधी है। उसके खिलाफ उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों (जौनपुर, लखनऊ, गोंडा, प्रतापगढ़, सुलतानपुर, फतेहगढ़, महोबा, अंबेडकरनगर) के थानों में ठगी, जालसाजी और आईटी एक्ट के तहत 10 से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं। इसके अलावा राष्ट्रीय साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) पर भी उसके खिलाफ 6 से अधिक गंभीर शिकायतें दर्ज हैं।
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में हुई कार्रवाई
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) जौनपुर, कुँवर अनुपम सिंह के निर्देशन में अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत यह सफलता मिली। यह कार्रवाई अपर पुलिस अधीक्षक नगर/नोडल साइबर क्राइम श्री आयुष श्रीवास्तव एवं क्षेत्राधिकारी साइबर क्राइम श्री गोल्डी गुप्ता के पर्यवेक्षण में साइबर क्राइम पोर्टल, समन्वय पोर्टल, प्रतिबिम्ब पोर्टल तथा इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस की मदद से की गई।
जौनपुर के साइबर क्राइम थाने पर अभियुक्त के खिलाफ संबंध धाराओं के तहत मामला पंजीकृत कर विधिक कार्रवाई की जा रही है।
गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम
प्रभारी निरीक्षक दिनेश कुमार सिंह के नेतृत्व में निरीक्षक देवानन्द रजक, मुख्य आरक्षी प्रभात द्विवेदी, राजेश सिंह, दिनेश कुमार, पुष्पेन्द्र सिंह, आरक्षी चालक आदर्श सिंह, आरक्षी आनंद कुमार, प्रफुल्ल यादव, संग्राम सिंह यादव, सुगम यादव, चन्दन यादव, अमिलेश तथा महिला आरक्षी आकांक्षा सिंह की टीम ने इस सफल कार्रवाई को अंजाम दिया।




