जौनपुर। शहर की इंतजामिया कमेटी ने एक बार फिर समाज सेवा और इंसानियत की अनूठी मिसाल पेश की है। जफराबाद थाने से प्राप्त एक लावारिस शव का कमेटी के सदस्यों ने पूरे विधि-विधान के साथ अंतिम संस्कार कर उसे सुपुर्द-ए-खाक किया।अस्पताल में हुई थी मौत
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, जफराबाद थाना क्षेत्र के जगदीशपुर में कुछ दिनों पहले एक व्यक्ति अत्यंत बीमार अवस्था में मिला था। पुलिस ने उसे तत्काल जिला अस्पताल में भर्ती कराया, जहाँ उपचार के दौरान उसकी मृत्यु हो गई। काफी प्रयासों के बाद भी मृतक की शिनाख्त नहीं हो सकी और पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शव को लावारिस घोषित कर दिया।
धार्मिक रीति-रिवाजों के साथ दी गई विदाई
सूचना मिलने पर इंतजामिया कमेटी आगे आई और शव को अपनी जिम्मेदारी में लिया। हजरत हम्ज़ा चिश्ती (रह.) स्थित कब्रिस्तान में शव को पूरे इस्लामिक रीति-रिवाजों के साथ दफन किया गया।
गुस्ल और कफन: शव को नहलाकर कफन पहनाया गया।
जनाजे की नमाज: हाफिज अजहर रशीदाबादी ने नमाजे जनाजा अदा कराई।
प्रशासन की मौजूदगी: इस दौरान पुलिस विभाग से कांस्टेबल संदीप सिंह, मुख्तार राम, अकरम मंसूरी और कन्हैया कुमार मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
अब तक 150 से अधिक शवों का अंतिम संस्कार
कमेटी के अध्यक्ष रियाजुल हक ने बताया कि उनकी संस्था जात-पात और धर्म से ऊपर उठकर मानवता की सेवा में जुटी है। उन्होंने कहा:
”लॉकडाउन के समय से लेकर अब तक कमेटी 150 से अधिक लावारिस शवों का अंतिम संस्कार कर चुकी है। यह नेक काम आम लोगों के सहयोग से चल रहा है और भविष्य में भी इसी तरह जारी रहेगा। हमारा मकसद सिर्फ यह है कि किसी भी लावारिस को आखिरी विदाई सम्मानजनक मिले।”
इस सराहनीय कार्य की पूरे जनपद में चर्चा हो रही है और लोग कमेटी के सदस्यों के जज्बे को सलाम कर रहे हैं।

Author: fastblitz24



