जौनपुर। आने वाले शब ए बारात को लेकर साफ सफाई शुरू हो गई है। इस साल शब ए बारात मंगलवार 3 फरवरी यानी शाबान के महीने की उर्दू तारीख के हिसाब से 14 तारीख को मनाया जाएगा। ये त्यौहार मंगलवार 3 फरवरी की रात से शुरू होकर बुधवार यानी 4 फरवरी तक चलेगा। इस दिन और अगले दिन तक कई लोग रोजा रखते हैं, जिसे फर्ज नहीं बल्कि नफिल रोजा कहा जाता है। शब ए बारात भारत में मंलवार यानी 3 फरवरी को मनाया जाएगा।

शब.ए.बारात इस्लाम की उन मुकद्दस पवित्र रातों में से एक है, जिसमें इंसान को उसके गुनाह की माफी मिलती है और उसके तकदीर के फैसले होते हैं। शाबान के इस महीने के बीतने के कुछ दिनों बाद से ही रमजान का पवित्र महीने का भी आगाज हो जाता है, जो दुनियाभर के मुलमानों के लिए सबसे महत्वपूर्ण महीना होता है। शब ए बारात की रात घरों और मस्जिदों में कुरआन और नमाज़ पढी जाएगी। लोग रात भर जाग कर अपनी रात इबादत में गुजार देते हैं।


शब.ए.बारात की रात बड़ी खुशियों और इमान के साथ मनाई जाती है। लोग इस इस दिन पूरी रात जागकर नमाज पढ़ते हैं। कुरआन की तिलावत करते हैं और अपने गुनाहों की माफी मांगते हैं। इस दिन सभी लोग अपने बुज़ुर्गों और पूर्वजों की याद में कब्रिस्तान जाकर कब्र पर अगरबत्ती जलाते हैं। लोग इबादत के समय अपने बुजुर्गो के लिए दुआ भी करते हैं।
इस दिन घरों में खास तौर पर हलवा बनाया जाता है, जिसे परिवार और पड़ोसियों, रिश्तेदारों में बाटा जाता है। कुरआन और हदीस में शब.ए.कदर की रात का जिक्र है, जिसमें तमाम इंसान के रिज्क और जिंदगी के सभी फैसले होते हैं और हर दुआ कबूल होती है।
Author: fastblitz24



