बड़ी संख्या में हुआ घायल सही आंकड़ों का इंतज़ार
न्यू दिल्ली: जो लंदन जा रही एयर इंडिया की बोइंग 787 ड्रीमलाइनर उड़ान AI 171 टेकऑफ के महज दो मिनट बाद ही दुर्घटनाग्रस्त हो गई उसमें मौजूद यात्रियों से अधिकतर काल के गाल में समा गए, लेकिन उससे भी ज्यादा दुखद यह रहा कि दुर्घटनाग्रस्त हुए विमान का सिविल हॉस्पिटल के हॉस्टल की इमारतों से टकराकर जमीन पर गिराना। जिससे इमारत एक भीषण आग के गोले में तब्दील हो गया। इस हॉस्टल में रेजिडेंट और इंटर्न डॉक्टर रहते हैं, और जिस समय यह भयानक हादसा हुआ, कई डॉक्टर दोपहर का भोजन करने के लिए मेस में मौजूद थे। उनमें से अधिकतर हादसे में अपनी जान ग़वा बैठे।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विमान ने अहमदाबाद हवाई अड्डे से उड़ान भरी और कुछ ही क्षणों में लड़खड़ाने लगा। इसके बाद यह तेजी से नीचे की ओर गिरा और सिविल हॉस्पिटल परिसर में स्थित डॉक्टरों के हॉस्टल की इमारतों से टकरा गया। टक्कर इतनी जोरदार थी कि हॉस्टल की कई इमारतें बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गईं और विमान के टुकड़े दूर-दूर तक बिखर गए। धमाके की आवाज कई किलोमीटर तक सुनाई दी और दुर्घटनास्थल से उठता काले धुएं का गुबार आसमान में छा गया। तत्काल ही दमकल विभाग और आपातकालीन प्रतिक्रिया दलों को घटनास्थल पर भेजा गया और बचाव कार्य शुरू कर दिया गया है।
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बताया जा रहा है कि हादसे के समय हॉस्टल में लगभग 50 से 60 इंटर्न डॉक्टर मौजूद थे, जिनमें से अधिकांश मेस में दोपहर का भोजन कर रहे थे। टक्कर और विस्फोट की तीव्रता इतनी भयानक थी कि कई डॉक्टरों के शव क्षत-विक्षत अवस्था में मिले हैं। नवीनतम जानकारी के अनुसार, अब तक मलबे से छह शव निकाले जा चुके हैं, जिनकी पहचान की जा रही है। इसके अतिरिक्त, लगभग 50 डॉक्टर गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं, जिन्हें तत्काल उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों की हालत को देखते हुए मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। हॉस्पिटल के चारों हॉस्टल की इमारतें बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई हैं और मलबा तथा काले धुएं के निशान हर तरफ दिखाई दे रहे हैं, जिससे हॉस्टल अब खंडहर जैसा लग रहा है।
Author: fastblitz24



