जौनपुर: उमनाथ सिंह स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय के फार्माकोलॉजी विभाग की ओर से रोगी सुरक्षा और औषधि सुरक्षा को लेकर एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम ‘कलर्स ऑफ पेशेंट सेफ्टी’ का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य मेडिकल छात्रों और स्वास्थ्य कर्मियों को फार्माकोविजिलेंस (औषधि निगरानी), प्रतिकूल औषधि प्रतिक्रियाओं की रिपोर्टिंग और सुरक्षित तरीके से दवाओं के इस्तेमाल के प्रति जागरूक करना था।
प्रधानाचार्य के मार्गदर्शन में हुआ आयोजन
महाविद्यालय के प्रधानाचार्य प्रो. (डॉ.) आर. बी. कमल के मार्गदर्शन में हुए इस कार्यक्रम की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि आज की आधुनिक चिकित्सा व्यवस्था में रोगी की सुरक्षा सबसे अहम आधार है। फार्माकोविजिलेंस की मदद से दवाओं के साइड इफेक्ट्स या प्रतिकूल प्रभावों की समय पर पहचान और रिपोर्टिंग की जा सकती है, जिससे इलाज की गुणवत्ता बेहतर होती है। उन्होंने फार्माकोलॉजी विभाग को इस शानदार पहल के लिए बधाई दी। इस मौके पर चीफ प्रॉक्टर प्रो. (डॉ.) रुचिरा सेठी और डीन एकेडमिक प्रो. (डॉ.) तबस्सुम यासमिन ने भी विचार रखे। उन्होंने कहा कि ऐसे जागरूकता अभियान छात्रों में जिम्मेदारी की भावना, वैज्ञानिक सोच और सुरक्षित चिकित्सा पद्धतियों को बढ़ावा देते हैं।
रंगोली और मॉडलों के जरिए समझाई गई औषधि सुरक्षा
फार्माकोलॉजी विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. पलाश रत्ना ने फार्माकोविजिलेंस के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। कार्यक्रम का सबसे बड़ा आकर्षण रंगोली प्रतियोगिता रही, जिसमें मेडिकल छात्रों ने अपनी कला और रचनात्मकता के माध्यम से औषधि सुरक्षा, तर्कसंगत दवा के उपयोग और रोगी-केंद्रित चिकित्सा जैसे गंभीर विषयों को बेहद खूबसूरती से उकेरा। इसके अलावा, विद्यार्थियों द्वारा फार्माकोलॉजी से जुड़े विभिन्न शैक्षणिक मॉडल भी प्रदर्शित किए गए। इन मॉडलों के जरिए दवाओं के काम करने के तरीके और आधुनिक औषधीय अवधारणाओं को बहुत ही सरल और वैज्ञानिक रूप में समझाया गया, जिसने वहां मौजूद सभी शिक्षकों और छात्रों का मन मोह लिया। कार्यक्रम की आयोजन सचिव डॉ. स्तुति सिंह ने इसके उद्देश्यों पर प्रकाश डाला। इस आयोजन को सफल बनाने में सीनियर रेजिडेंट डॉ. विशेष कुमार और डॉ. अवनीश कुमार का सक्रिय सहयोग रहा। कार्यक्रम के दौरान प्रो. साधना अजय, डॉ. अरविन्द पटेल, डॉ. विनोद वर्मा, डॉ. अचल सिंह, डॉ. आशुतोष सिंह, डॉ. जितेन्द्र कुमार, डॉ. आदर्श यादव, डॉ. मुदित चौहान, डॉ. रोहित सरोज, डॉ. बृजेश, डॉ. श्वेता सिंह, मिथिलेश सिंह, डॉ. दीपिका साव, डॉ. पंकज, डॉ. अबुसहमा खान, डॉ. अवधेश गुप्ता, डॉ. फरहत फातिमा समेत तमाम संकाय सदस्य, एमबीबीएस छात्र-छात्राएं और कर्मचारीगण मौजूद रहे।




