जौनपुर: जौनपुर में शुक्रवार रात सरकारी अस्पताल में उस समय हड़कंप मच गया जब 10-15 किन्नरों के एक समूह ने नग्न प्रदर्शन करते हुए तीन डॉक्टरों को बुरी तरह घायल कर दिया। इस घटना ने अस्पताल परिसर में सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। मामला अब कोतवाली पुलिस तक पहुंच गया है, जहां घायल डॉक्टरों ने लिखित शिकायत दर्ज कराई है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह घटना रात 8:50 बजे के आसपास हुई जब चिकित्सा अधिकारी डॉ. पवन सिंह एक मरीज का इलाज कर रहे थे। डॉ. सिंह ने बताया, “हम मरीज का इलाज कर रहे थे तभी 10-15 की संख्या में कुछ लोग आए और फर्जी मेडिकल करने की बात करने लगे। हमने उनसे कहा कि मरीज के साथ केवल एक या दो लोग ही अंदर रहें और बाकी बाहर चले जाएं ताकि मरीज को कोई दिक्कत न हो।” डॉ. सिंह के मुताबिक, इतना कहते ही वे लोग उत्तेजित हो गए और उन पर हमला बोल दिया। मारपीट के दौरान उन्होंने मदद के लिए 15 से 20 किन्नरों को बुला लिया।
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डॉ. सिंह ने आगे बताया कि किन्नर समाज के लोगों ने उनके डॉक्टरों और नर्सिंग स्टाफ पर जानलेवा हमला किया, जिसके कारण उन्हें और उनके दो अन्य सहयोगियों को गंभीर चोटें आई हैं। इस भयावह घटना के बाद डॉ. सिंह ने पुलिस प्रशासन पर भी असहयोग का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा, “हमें पुलिस प्रशासन से उस तरह का सहयोग नहीं मिला जो अपेक्षित था। जो पुलिस टीम मुआयना के लिए आई थी, वह भी उनके साथ गायब हो गई।” डॉ. सिंह ने अस्पताल में सुरक्षा व्यवस्था की कमी पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि नाम मात्र के एक-दो गार्ड ही तैनात हैं और घटना के समय इमरजेंसी में कोई गार्ड मौजूद नहीं था। उन्होंने कोतवाली पुलिस को लिखित शिकायत दी है और हमलावरों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
Author: fastblitz24



