सोने चांदी का एक छोटा करोबारी कैसे बना गोल्ड माफिया.”

जौनपुर। शहरी इलाके के चहारसू चौराहे पर स्थित एक सोने चांदी का एक छोटा करोबारी आखिर कैसे गोल्ड माफिया बन गया। यह अपने में एक बड़ा सवाल खड़ा कर रहा है। कुछ वर्षों पहले चहारसू चौराहे पर एक छोटी सी दुकान लेकर किसी तरह जीवन का गुजर बसर करता यह सराफा कारोबारी कुछ दिन तक उसमें जुआ खिलवाकर अपनी जिंदगी की शुरूआत किया। सोने के जेवरातों में मिलावटी कर दिन दुगना रात चौगुनी तरक्की कर लिया और अब वह बड़ा गोल्ड माफिया बन बैठा है। बीते कुछ सालों पूर्व में उसी चौराहे पर एक मकान में कब्जा करने के दौरान पुलिस ने इसे धूल चटा दिया था और वहां से पैदल ही कोतवाली लेकर आई थी। देखते देखते सोने में घाल मेल जेवरातों के कारोबार कर अपने काले धन से कमाई से कई बड़ी एजेंसी भी ले लिया। अपने इस काले कारोबार को सफलता की शिखर पर पहुंचने के लिए यह शहर की मानिंद हस्तियों से अच्छा संबंध स्थापित कर लिया। बड़े अधिकारी और बड़े नेताओं के संपर्क में रहकर अपना साम्राज्य अब तक फैलाए हुए हैं। आज भी इसकी मनमानी से नागरिक हलकांन और त्रस्त हैं हाल ही में सोने के एक हर में घाल मेल करने के मामले में कोतवाली पुलिस ने एक एफआईआर दर्ज किया था। ऊंची पकड़ रखने वाला यह व्यक्ति आज अपने इस साम्राज्य को बचाने के लिए जिस पार्टी की सत्ता रहती है उसी में चलांग लगाकर घुस जाता है। फिलहाल यह गोल्ड माफिया के पास इतना धन है कि जैसे किसी कुबेर का खजाना मिल गया है।


Author: fastblitz24



