आस्था का सैलाब: कर्मों का लेखा-जोखा रखने वाले भगवान चित्रगुप्त के दर पर जुटे सभी वर्गों के भक्त, गूंजे जयकारे।
जौनपुर।

‘असि-मसि’ के स्वामी और सृष्टि के हर जीव के कर्मों का न्यायपूर्ण हिसाब रखने वाले भगवान चित्रगुप्त जी महाराज के दरबार में श्रद्धा का अनूठा संगम देखने को मिल रहा है। राष्ट्रीय कायस्थ महापरिषद जौनपुर की ओर से रूहटा स्थित ऐतिहासिक भगवान चित्रगुप्त मंदिर में लगातार सवा महीने तक प्रतिदिन आरती करने का लिया गया महा-संकल्प शुक्रवार को पूरी भव्यता के साथ पूर्ण हो गया। इस ऐतिहासिक मोड़ पर प्रभु का अलौकिक व दिव्य श्रृंगार किया गया, जिसे देखने और महाआरती में शामिल होने के लिए सर्वसमाज के भक्तों का सैलाब उमड़ पड़ा।


संकल्प की सिद्धि: सज गया दरबार, कपाट खुलने का समय भी तय
महापरिषद के जिलाध्यक्ष व पूर्व बैंक मैनेजर गिरिजेश कुमार श्रीवास्तव की अगुवाई में टीम ने सवा महीने की अनवरत आरती का जो बीड़ा उठाया था, उसे सांगोपांग पूरा किया गया। वरिष्ठ उपाध्यक्ष सोमेश श्रीवास्तव और संगठन महामंत्री अभिनव श्रीवास्तव ने प्रभु का नयनाभिराम श्रृंगार किया। मंदिर व धर्मशाला अध्यक्ष रमेंद्र नाथ श्रीवास्तव (एडवोकेट) ने बताया कि अब भक्तों की सुविधा के लिए मंदिर में पंखे और लाइटिंग की पुख्ता व्यवस्था की गई है। यह मंदिर अब नियमित रूप से सुबह 6 से 10 बजे तक और शाम को 6 से रात्रि 10 बजे तक खुला रहेगा। प्रतिदिन शाम को ठीक 6:30 बजे महाआरती होगी।
”लेखनी के भगवान किसी एक जाति के नहीं, वे सर्वसमाज के हैं”
श्री चित्रगुप्त भगवान पूजन महासमिति के संयोजक व वरिष्ठ अधिवक्ता सरस चन्द श्रीवास्तव ने इस मौके पर एक बड़ा सामाजिक संदेश दिया। उन्होंने रूढ़िवादिता पर चोट करते हुए कहा—
”भगवान चित्रगुप्त किसी एक वर्ग या जाति विशेष के नहीं हैं, बल्कि वे ब्रह्मांड के हर प्राणी के कर्मों की बही लिखने वाले न्याय के देवता हैं। सभी को उनका आशीर्वाद लेना चाहिए। लोग पाश्चात्य संस्कृति को छोड़ अपने बच्चों के जन्मदिन और वैवाहिक वर्षगांठ जैसे मांगलिक अवसरों पर सपरिवार मंदिर आने की आदत डालें।”
इसी कड़ी में आरती प्रभारी शैलेंद्र मोहन श्रीवास्तव और कवि अकेला ने भी सर्वसमाज से इस पुण्य कार्य में बढ़-चढ़कर भागीदार बनने की अपील की।
जाति-पांत के बंधन टूटे, हर वर्ग के दिग्गजों ने हाजिरी लगाई
इस सवा महीने के अनुष्ठान की सबसे बड़ी खूबसूरती यह रही कि यहाँ जाति और वर्ग की दीवारें ढह गईं। उद्योगपतियों से लेकर वकीलों, डॉक्टरों और राजनेताओं ने यहाँ शीश नवाया।
आरती पूजन में मुख्य रूप से कार्यकारी अध्यक्ष अश्विनी अस्थाना, मीडिया प्रभारी विश्व प्रकाश श्रीवास्तव ‘दीपक’, राजेश श्रीवास्तव ‘बच्चा भैया’, व्यापारी नेता मनोज अग्रहरी, प्रदेश अध्यक्ष दिनेश चन्द श्रीवास्तव ‘दीनु’, डॉ. उमाकांत श्रीवास्तव, डॉ. राम सूरत मौर्य, बहादुर पाल, सुमित सिंह, नीरज मौर्य, अमित पांडेय, सुधांशु सिंह, विमल सिंह, विवेक यादव, विनय श्रीवास्तव और सरोज श्रीवास्तव समेत सर्वसमाज के सैकड़ों गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
Author: fastblitz24


