बदलापुर, जौनपुर। तहसील मुख्यालय स्थित सल्तनत बहादुर स्नातकोत्तर महाविद्यालय में रविवार को एनसीसी इकाई के तत्वावधान में ‘शौर्य संवाद’ विषय पर एक भव्य संगोष्ठी एवं जागरूकता कार्यक्रम संपन्न हुआ। शासन के निर्देशानुसार आयोजित यह कार्यक्रम 96 यूपी बटालियन जौनपुर द्वारा ‘ऑपरेशन सिन्दूर’ के एक वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित किया गया था।

शौर्य और साहस की गाथा
संगोष्ठी को संबोधित करते हुए महाविद्यालय के चीफ प्रॉक्टर डॉ. ओम प्रकाश दुबे ने कहा कि ‘ऑपरेशन सिन्दूर’ भारतीय सैन्य इतिहास का वह अध्याय है जिसने हमारे सैन्य कर्मियों के अदम्य साहस और शौर्य को नई ऊंचाइयों पर पहुँचाया है। उन्होंने कैडेट्स को राष्ट्र सेवा के प्रति समर्पित रहने का आह्वान किया।


विपरीत परिस्थितियों के लिए रहें तैयार
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता एवं एनसीसी अधिकारी डॉ. कर्मचन्द यादव ने पहलगाम आतंकी हमले और उसके प्रत्युत्तर में चलाए गए ‘ऑपरेशन सिन्दूर’ की रणनीतिक बारीकियों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कैडेट्स को जागरूक करते हुए कहा:
”एक सैनिक और कैडेट का असली परीक्षण विपरीत परिस्थितियों में ही होता है। हमें हर समय मानसिक और शारीरिक रूप से देश की सुरक्षा के लिए तैयार रहना चाहिए।”
प्रमुख उपस्थिति
इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राध्यापक और कर्मचारी गण मौजूद रहे, जिनमें मुख्य रूप से शामिल थे:
- शिक्षक: डॉ. विनय दुर्गेश, प्रसून सिंह, डॉ. मुमताज अहमद अंसारी।
- प्रशासनिक स्टाफ: लेखाकार ऋतुपर्ण सिंह।
कैडेट्स की सहभागिता:
कार्यक्रम में भारी संख्या में एनसीसी कैडेट्स ने हिस्सा लिया। प्रमुख रूप से सत्यम गौतम, श्रेया सिंह, अंकिता दुबे, प्रिया यादव और पूर्वी सिंह सहित दर्जनों कैडेट्स ने शौर्य संवाद के माध्यम से देश के वीरों को नमन किया।
Author: fastblitz24


